वंदे भारत का हॉर्न बजने के बाद मत करना ये काम, वरना हो सकता है नुकसान Vande Bharat Train Rules

Vande Bharat Train Rules: अगर आप वंदे भारत ट्रेन में किसी रिश्तेदार या सहपाठी को छोड़ने जा रहे हैं, तो अब सावधान हो जाइए. ट्रेन के गेट बंद होते ही अगर आप अंदर रह गए, तो अगला स्टॉप आने तक आप ट्रेन से बाहर नहीं निकल पाएंगे. यह न केवल आपकी यात्रा को प्रभावित कर सकता है. बल्कि आपको अतिरिक्त समय, पैसा और परेशानी का सामना भी करना पड़ सकता है.

गेट बंद होने के बाद ट्रेन नहीं रोकती

भारतीय रेलवे ने स्पष्ट किया है कि वंदे भारत एक्सप्रेस में गेट बंद होते ही ऑटोमैटिक लॉकिंग सिस्टम सक्रिय हो जाता है. ट्रेन की सुरक्षा और समयबद्ध संचालन को ध्यान में रखते हुए, गेट बंद होने के बाद किसी भी यात्री को न ट्रेन में चढ़ने की अनुमति मिलती है और न उतरने की.

रविवार को इस नियम का उदाहरण मुजफ्फरपुर जंक्शन पर देखने को मिला, जब कई लोग अनजाने में ट्रेन के अंदर रह गए और नहीं उतर पाए.

यह भी पढ़े:
Lado Lakshmi Yojana 2025 महिलाओं को प्रतिमाह सरकार देगी 2100 रूपए, आवेदन करने के लिए इन डॉक्युमेंट की पड़ेगी ज़रूरत Lado Lakshmi Yojana

मुजफ्फरपुर में यात्रियों की बड़ी गलती

नई गोरखपुर-पाटलिपुत्र वंदे भारत ट्रेन, जो नरकटियागंज, मोतिहारी होते हुए मुजफ्फरपुर पहुंची, वहां कई लोग कोच के अंदर रह गए. उन्हें लगा कि ट्रेन रुक गई है और वे आराम से उतर सकते हैं. लेकिन गेट अपने तय समय पर अपने-आप बंद हो गए, और यात्री ट्रेन के साथ ही अगले स्टेशन तक निकल गए.

अनजाने में ट्रेन में रह गए तो क्या करें?

जिन लोगों को मोतिहारी या बेतिया जाना था, उन्हें मुजफ्फरपुर में उतरने के बाद दूसरी ट्रेनों जैसे सप्तक्रांति एक्सप्रेस से अपने गंतव्य तक जाना पड़ा. इस दौरान कुछ यात्रियों ने टिकट निरीक्षक (TTE) को स्थिति की जानकारी दी, और पहले दिन की रियायत के तौर पर उन्हें चेतावनी देकर छोड़ दिया गया.

रेलवे की सख्त चेतावनी

रेलवे ने यात्रियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि यदि आप केवल किसी को छोड़ने आए हैं, तो कोच के अंदर प्रवेश न करें. यह नियम सुरक्षा और ट्रेन के समय पालन के लिए अत्यंत जरूरी है. अगर कोई यात्री गेट बंद होने के बाद ट्रेन के अंदर फंसा पाया गया, तो भविष्य में जुर्माना या कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है.

यह भी पढ़े:
PM Ujjwala Yojana 2025 महिलाओं को सरकार दे रही है मुफ्त गैस सिलेंडर, इन डॉक्युमेंट को कर ले तैयार PM Ujjwala Yojana 3.0

गलती से ट्रेन में रह गए

मोतिहारी के रविंद्र कुमार जो अपने रिश्तेदार को वंदे भारत में चढ़ाने के लिए आए थे, भूलवश खुद भी कोच में चढ़ गए. ट्रेन के गेट बंद होते ही उन्हें एहसास हुआ कि अब उतरना संभव नहीं. TTE से बात करने के बाद उन्हें मुजफ्फरपुर में उतरने की अनुमति मिली. फिर वहां से दूसरी ट्रेन पकड़कर उन्हें लौटना पड़ा.

भविष्य में न करें ये गलती

  • इस घटना से सबक लेते हुए यात्रियों को सलाह दी जाती है कि:
  • गलती से चढ़ जाएं तो TTE को तुरंत सूचित करें
  • वंदे भारत ट्रेन के गेट बंद होते ही अंदर या बाहर निकलने की कोशिश न करें
  • छोड़ने के लिए आए हों तो प्लेटफॉर्म पर ही रहें, कोच में न जाएं
  • सावधानी से समय और स्टेशन की जानकारी रखें

Leave a Comment

Whatsapp ग्रुप से जुड़े