New Four Lane Highway: उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्यभर में यातायात जाम की समस्या को खत्म करने के लिए बड़ा फैसला लिया है. प्रदेश के 21 प्रमुख राज्य राजमार्गों को 14 से 25 मीटर चौड़ा कर चार लेन में विकसित किया जाएगा. वर्तमान में ये सड़कें केवल 7 से 14 मीटर चौड़ी हैं, जिससे जाम और दुर्घटनाओं की समस्या लगातार बढ़ रही है.
21 प्रमुख हाईवे होंगे अपग्रेड
लोक निर्माण विभाग (PWD) ने इन मार्गों का सर्वेक्षण पूरा कर शासन को प्रस्ताव भेज दिया है. इनमें वाराणसी के 3 और हरदोई के 2 हाईवे शामिल हैं. इन सड़कों को आधुनिक और सुरक्षित बनाने का लक्ष्य तय किया गया है. इससे जिले आपस में बेहतर ढंग से जुड़ सकेंगे और आवागमन भी तेज होगा.
मुख्यमंत्री योगी का निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, जो स्वयं लोक निर्माण विभाग के मंत्री भी हैं. उन्होंने सभी राज्य राजमार्गों को चौड़ा करने के निर्देश दिए थे. वर्तमान में प्रदेश में 142 राज्य राजमार्ग हैं. जिनमें से 21 को चार लेन में और 107 अन्य को 10 मीटर चौड़ा करने की योजना है. सरकार का उद्देश्य है कि हर जिला मुख्यालय को चार लेन सड़क से जोड़ा जाए.
अमेठी से लेकर बहराइच तक नई कनेक्टिविटी की सौगात
इस योजना के तहत अमेठी जिला मुख्यालय को चार लेन सड़क से जोड़ने के लिए जगदीशपुर राज्य राजमार्ग को 7 से 22 मीटर चौड़ा किया जाएगा. इससे सुल्तानपुर, प्रतापगढ़ और रायबरेली का सीधा संपर्क अमेठी से हो सकेगा. वहीं बहराइच का भिन्गा-सिरसिया-चौधरी डीह मार्ग भी चार लेन में बदला जाएगा.
अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट और यूनिवर्सिटी को बेहतर कनेक्टिविटी
कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा और कृषि विश्वविद्यालय को चार लेन से जोड़ने के लिए देवरिया-कसवा पडरौना मार्ग को चौड़ा किया जाएगा. इससे न केवल यात्रियों को सुविधा मिलेगी बल्कि क्षेत्रीय विकास को भी बल मिलेगा.
जालौन का दशकों पुराना अधूरा प्रोजेक्ट होगा पूरा
जालौन जिले में पनवाड़ी राज्य राजमार्ग का निर्माण कार्य एक दशक से अधूरा था. अब इस मार्ग को भी चार लेन में विकसित करने का फैसला लिया गया है. यह निर्णय स्थानीय निवासियों के लिए बड़ी राहत साबित होगा.
हरदोई और वाराणसी के हाईवे भी बनेंगे चौड़े
हरदोई जिले के बिलग्राम-उन्नाव-प्रयागराज मार्ग और बीएसए राज्य राजमार्ग को चार लेन में विकसित किया जाएगा. ये मार्ग दुर्घटनाओं के लिए कुख्यात रहे हैं. इनका चौड़ीकरण होने से कानपुर, उन्नाव, प्रयागराज, कन्नौज, बरेली और शाहजहांपुर की कनेक्टिविटी में जबरदस्त सुधार होगा. वहीं वाराणसी में चौबेपुर मार्ग, वाराणसी-कछवां मार्ग और कछवां-चौबेपुर मार्ग भी अब चार लेन में निर्मित किए जाएंगे.
किन अन्य राजमार्गों को शामिल किया गया है?
सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना में फर्रुखाबाद, लखनऊ, उन्नाव, बुलंदशहर, मेरठ, मुरादाबाद, संभल, मुजफ्फरनगर, चंदौली और जौनपुर के निम्नलिखित मार्ग शामिल हैं:
- फतेहगढ़-गुरसहाय गंज मार्ग (फर्रुखाबाद)
- गोसाईगंज-बनी-मोहान मार्ग (लखनऊ)
- बिलग्राम-उन्नाव-बिलग्राम मार्ग (उन्नाव)
- मुरादाबाद-बुलंदशहर मार्ग (बुलंदशहर और मुरादाबाद)
- बडौत-मेरठ मार्ग (मेरठ)
- लुंबनी मार्ग (सोनभद्र)
- बुलंदशहर मार्ग (संभल)
- खटीमा मार्ग (मुजफ्फरनगर)
- कंचनपुर-मधुपुर मार्ग (चंदौली)
- प्रयागराज-गोरखपुर मार्ग (जौनपुर)
परियोजना से क्या होंगे लाभ?
- लॉजिस्टिक्स और आपूर्ति व्यवस्था बेहतर होगी
- यातायात जाम से मिलेगी राहत
- सड़क दुर्घटनाएं होंगी कम
- औद्योगिक और पर्यटन विकास को मिलेगा बढ़ावा
- जिलों के बीच आवागमन तेज और सुगम