Nominee Rule Change: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) बैंक खातों से जुड़े नॉमिनी नियमों में बड़ा बदलाव करने की तैयारी कर रहा है. इसके लिए सभी बैंकों से सुझाव मांगे गए हैं. यह बदलाव हाल ही में पारित बैंकिंग कानून संशोधन विधेयक 2024 के तहत किया जा रहा है. जिसके अनुसार अब अकाउंट होल्डर अधिकतम चार नॉमिनी जोड़ सकेंगे.
हर नॉमिनी की ईमेल और मोबाइल नंबर देना होगा जरूरी
RBI चाहता है कि हर नॉमिनी की ईमेल आईडी और फोन नंबर बैंक के रिकॉर्ड में हो. इससे नॉमिनी से संपर्क करना आसान होगा और बैंकों को बिना क्लेम वाले खातों को निपटाने में मदद मिलेगी. इस प्रस्ताव को लागू करने के लिए बैंकिंग कंपनी नॉमिनेशन नियम 1985 में भी संशोधन किया जा सकता है.
बिना क्लेम वाले खातों की बढ़ती समस्या से मिलेगी राहत
RBI का ये कदम बैंकों में पड़े 78,000 करोड़ रुपये से अधिक के बिना क्लेम डिपॉजिट को सक्रिय रूप से हल करने की कोशिश है. वर्तमान में अगर कोई खाता 10 साल तक निष्क्रिय रहता है, तो उसमें जमा राशि RBI के डिपॉजिटर एजुकेशन एंड अवेयरनेस फंड में भेज दी जाती है.
नॉमिनी से संपर्क न होने से बढ़ती हैं परेशानियां
अक्सर देखा गया है कि परिवार के लोगों को डॉर्मेंट खातों की जानकारी नहीं होती या फिर नॉमिनी की सही जानकारी बैंक के पास नहीं होती. इससे क्लेम प्रक्रिया में देरी होती है और जरूरत के समय परिवार को आर्थिक व भावनात्मक दबाव का सामना करना पड़ता है.
चार नॉमिनी और संपर्क विवरण से पारदर्शिता बढ़ेगी
Bankbazaar.com के CEO आदिल शेट्टी के अनुसार अगर बैंक के पास चार नॉमिनी और सभी की वैध संपर्क जानकारी होगी तो क्लेम प्रक्रिया आसान, पारदर्शी और तेज हो सकेगी. अगर एक नॉमिनी से संपर्क न हो पाए, तो बैंक अन्य नॉमिनी से बात कर सकेगा.
झूठे दावे होंगे कम, कानूनी झंझटों से भी मिलेगी राहत
बैंक के पास जब सभी नॉमिनी की पुष्टि की गई जानकारी होगी, तो गलत दावा करने वालों की संख्या भी घटेगी. इससे कानूनी विवाद कम होंगे. परिवारों में विवाद की आशंका घटेगी और सेटलमेंट प्रक्रिया भी जल्दी पूरी हो सकेगी.