Heavy Rain Alert: भारत मौसम विभाग (IMD) ने 16 जून 2025 को देश के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. कोंकण, गोवा और कर्नाटक के तटीय इलाकों में रेड अलर्ट घोषित किया गया है, जो सबसे गंभीर चेतावनी होती है. इन इलाकों में तूफानी बारिश की संभावना जताई गई है. जिससे जनजीवन पर व्यापक असर पड़ सकता है.
कोंकण, गोवा और कर्नाटक में रेड अलर्ट
IMD के अनुसार कोंकण, गोवा और कोस्टल कर्नाटक में आज बहुत भारी से अत्यंत भारी वर्षा की संभावना है. इसके कारण बाढ़, भूस्खलन, बिजली गिरने और यातायात बाधाओं जैसी स्थितियां बन सकती हैं. लोगों को घर से बाहर निकलने से बचने और स्थानीय प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है.
इन राज्यों में भी भारी बारिश की संभावना
राजस्थान (पूर्वी व पश्चिमी भाग), पश्चिम मध्यप्रदेश, मध्य महाराष्ट्र, सौराष्ट्र और कच्छ जैसे क्षेत्रों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. इसका मतलब है कि इन इलाकों में भी भारी बारिश की आशंका है और प्रशासन को सतर्क रहने की जरूरत है.
पूर्वी भारत और दक्षिण भारत में भी भारी बारिश
ओडिशा, छत्तीसगढ़, बिहार और उत्तराखंड में भी आज भारी बारिश के आसार हैं. वहीं दक्षिण भारत में साउथ इंटीरियर कर्नाटक, नॉर्थ इंटीरियर कर्नाटक, तमिलनाडु और पुडुचेरी में भी जोरदार बारिश की चेतावनी दी गई है. इन इलाकों में यात्रा सावधानी से करने और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी गई है.
उत्तर-पूर्वी राज्यों में भी बारिश का कहर
असम, मेघालय, मणिपुर, नागालैंड, मिजोरम और त्रिपुरा जैसे उत्तर-पूर्वी राज्यों में भी भारी बारिश की चेतावनी दी गई है. यहां भी ऑरेंज अलर्ट लागू किया गया है. इसके साथ ही अरुणाचल प्रदेश, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी बारिश होने के संकेत मिले हैं.
क्यों महत्वपूर्ण होता है मौसम विभाग का अलर्ट?
IMD के द्वारा जारी किया गया अलर्ट आम जनता और प्रशासन के लिए तत्काल सतर्कता और तैयारियों का संकेत होता है.
- रेड अलर्ट: बहुत अधिक वर्षा की चेतावनी. जिसमें जानमाल की हानि की संभावना सबसे अधिक होती है.
- ऑरेंज अलर्ट: संभावित गंभीर मौसम की चेतावनी जिसमें सतर्कता जरूरी है.
- येलो अलर्ट: मौसम में हल्का बदलाव, सामान्य सतर्कता.
लोगों के लिए सलाह
- जरूरी न हो तो यात्रा से बचें.
- खुले इलाकों, जलभराव, पुल और नालों के पास न जाएं.
- बिजली गिरने के समय मोबाइल, चार्जर, बिजली उपकरणों से दूरी रखें.
- घरों में सुरक्षित जगह पर रहें और आपदा की स्थिति में हेल्पलाइन से संपर्क करें.
बाढ़ और भूस्खलन की आशंका
मौसम विभाग के अलर्ट को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने राहत टीमें तैनात कर दी हैं. विशेषकर उन इलाकों में जो नदी किनारे या पहाड़ी क्षेत्रों में स्थित हैं. वहां भूस्खलन और बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो सकती है. स्कूलों और कॉलेजों को भी एहतियात के तौर पर बंद करने के निर्देश दिए जा सकते हैं.