Mock Drill Alert: जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है. इसी क्रम में 7 मई को पूरे देश में मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी. हरियाणा के 11 जिलों में यह ड्रिल विशेष रूप से की जाएगी. जिसमें युद्ध जैसे हालातों से निपटने की तैयारी की जाएगी.
रात में बजेंगे सायरन, ब्लैकआउट की भी तैयारी
मॉक ड्रिल के दौरान रात में सायरन बजाए जाएंगे और ब्लैकआउट किया जाएगा. यह अभ्यास युद्ध या आपदा की स्थिति में नागरिकों को जागरूक करने और सतर्क रहने की ट्रेनिंग के रूप में किया जाएगा. हालांकि अभ्यास का समय अलग-अलग स्थानों पर अलग हो सकता है.
इन 5 बातों पर रहेगा मुख्य जोर
- हवाई हमले की चेतावनी के लिए सायरन बजाना.
- ब्लैकआउट अभ्यास के तहत सभी लाइट्स बंद करना.
- नागरिकों को आत्म-सुरक्षा की ट्रेनिंग देना.
- सुरक्षित स्थान तक निकासी और राहत व्यवस्था का अभ्यास.
- महत्वपूर्ण संस्थानों और औद्योगिक इकाइयों को सुरक्षित रखने की योजना.
हरियाणा के ये जिले आए मॉक ड्रिल की सूची में
केंद्र सरकार की 2005 की सूची के अनुसार हरियाणा के 11 जिलों को सिविल डिफेंस की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना गया है. ये जिले हैं:
- सेकेंड कैटेगरी में: अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, पानीपत, सोनीपत, रोहतक, हिसार, सिरसा, गुरुग्राम, फरीदाबाद.
- थर्ड कैटेगरी में: झज्जर.
इन सभी जिलों में रात में सायरन और ब्लैकआउट के साथ मॉक ड्रिल की जाएगी.
कौन-कौन होगा मॉक ड्रिल का हिस्सा?
इस अभ्यास में स्थानीय प्रशासन, सिविल डिफेंस वार्डन, होम गार्ड्स, NCC, NSS, NYKS और स्कूल-कॉलेज के छात्र शामिल होंगे. यह अभ्यास सिर्फ सुरक्षा बलों की नहीं, आम नागरिकों की जिम्मेदारी का भी हिस्सा है.
क्या करना होगा मॉक ड्रिल के दौरान?
- लोगों को सिखाया जाएगा कि वे एक-दूसरे की कैसे मदद करें और घायल व्यक्ति को कैसे प्राथमिक उपचार दिया जाए.
- हूटर बजने के बाद घर की सभी लाइटें, मोबाइल की फ्लैश लाइट और अन्य विद्युत उपकरण बंद करें.
- सड़कों की लाइटें, टोल प्लाजा, स्टेट हाईवे और NHAI की लाइटें भी बंद रहेंगी.