Gold Rate Today: 12 जून 2025, गुरुवार को सोने के रेट्स में जबरदस्त तेजी देखने को मिली. वहीं चांदी की चमक थोड़ी फीकी पड़ी है. लगभग 1000 रुपये की छलांग के साथ 24 कैरेट सोना कई शहरों में 98,500 रुपये के पार पहुंच गया है. जबकि चांदी का भाव 200 रुपये गिरकर 1,08,900 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गया.
क्यों बढ़ा सोने का दाम?
सोने की कीमतों में यह उछाल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती आर्थिक और राजनीतिक अनिश्चितता के कारण देखने को मिल रहा है. अमेरिका में टैक्स नीति से जुड़ा नया विवाद निवेशकों के बीच चिंता बढ़ा रहा है. हाल ही में संघीय अदालत ने पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को विदेशी वस्तुओं पर टैक्स जारी रखने की अनुमति दी. जिससे निवेशक असमंजस में हैं.
इस अस्थिरता के माहौल में सोना एक ‘सेफ हेवन’ यानी सुरक्षित निवेश विकल्प के तौर पर उभरता है. इसलिए लोग तेजी से सोना खरीदने की ओर बढ़े. जिससे इसकी कीमतें भी ऊपर चली गईं.
अंतरराष्ट्रीय तनाव ने भी बढ़ाई मांग
रूस-यूक्रेन युद्ध और पश्चिम एशिया में जारी तनाव ने भी निवेशकों को शेयर बाजार से हटाकर सोने की ओर आकर्षित किया है. जब भी वैश्विक स्तर पर युद्ध या संकट की स्थिति बनती है. तब सोना एक सुरक्षित विकल्प बनकर उभरता है, जिससे इसकी कीमतें चढ़ जाती हैं.
देश के प्रमुख शहरों में सोने का रेट
गुरुवार, 12 जून को 22 और 24 कैरेट सोने की कीमतों में मजबूती देखने को मिली. कई प्रमुख शहरों में 10 ग्राम सोने का रेट इस प्रकार रहा:
| शहर का नाम | 22 कैरेट गोल्ड रेट (₹) | 24 कैरेट गोल्ड रेट (₹) |
|---|---|---|
| दिल्ली | 90,360 | 98,560 |
| मुंबई | 90,210 | 98,410 |
| चेन्नई | 90,210 | 98,410 |
| कोलकाता | 90,210 | 97,570 |
| जयपुर | 90,360 | 98,560 |
| लखनऊ | 90,360 | 98,560 |
| नोएडा | 90,360 | 98,560 |
| पटना | 90,210 | 98,410 |
| बंगलुरु | 90,210 | 98,410 |
| गाजियाबाद | 90,360 | 98,560 |
चांदी की कीमतों में गिरावट
जहां सोने ने जोरदार उछाल दिखाया, वहीं चांदी की कीमतों में थोड़ी नरमी आई है. आज चांदी 200 रुपये सस्ती होकर 1,08,900 रुपये प्रति किलोग्राम पर बिक रही है. कल इसका भाव 1,09,100 रुपये प्रति किलो था. हालांकि कुछ एक्सपर्ट्स का मानना है कि दीवाली तक चांदी 1.20 लाख रुपये प्रति किलो तक पहुंच सकती है.
क्या दीवाली तक फिर चमकेगा चांदी-सोना?
सोने और चांदी दोनों की मांग त्योहारी सीजन में काफी बढ़ जाती है. जैसे-जैसे राखी, दशहरा और दीवाली नजदीक आएंगे, इन धातुओं की खरीद बढ़ने की उम्मीद है. इससे भावों में फिर उछाल आ सकता है. निवेशकों को लंबी अवधि के रिटर्न के लिए इस वक्त निवेश करने का मौका मिल सकता है.
सोने की कीमत कैसे तय होती है?
भारत में सोने के रेट्स कई फैक्टर पर निर्भर करते हैं:
- अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतें
- रुपये की डॉलर के मुकाबले स्थिति
- सरकार द्वारा लगने वाला आयात शुल्क और टैक्स
- स्थानीय मांग (त्योहार, शादियां)
- बाजार में उपलब्धता और भंडारण
भारत में सोना केवल निवेश का माध्यम नहीं बल्कि परंपरा और भावनाओं से भी जुड़ा होता है. इसलिए कीमतों में बदलाव का सीधा असर आम आदमी की जेब और बाजार की रफ्तार पर पड़ता है.