Teacher Transfer 2025: बिहार में शिक्षकों के ट्रांसफर की प्रक्रिया जोरों पर है. लेकिन इसी बीच हजारों शिक्षकों ने अपना मन बदल लिया है. वे अब जिस विद्यालय में कार्यरत हैं वहीं रहना चाहते हैं. ऐसे शिक्षकों को राहत देते हुए राज्य सरकार ने आवेदन वापसी की सुविधा दे दी है.
शिक्षकों की मांग पर सरकार का बड़ा फैसला
करीब 2 लाख शिक्षकों ने ट्रांसफर के लिए आवेदन किया था. लेकिन इनमें से कई ऐसे हैं जो अब स्थानांतरण नहीं चाहते. इन शिक्षकों ने शिक्षा मंत्री और विभागीय अधिकारियों से अनुरोध किया कि उन्हें आवेदन वापस लेने की सुविधा दी जाए. सरकार ने उनकी इस मांग को स्वीकार कर लिया है.
ई-शिक्षा कोष पोर्टल पर वापस ले सकते हैं आवेदन
राज्य सरकार ने घोषणा की है कि ई-शिक्षा कोष पोर्टल को मंगलवार से खोला जाएगा. जिससे ऐसे शिक्षक जो ट्रांसफर नहीं चाहते. वे अपना आवेदन ऑनलाइन माध्यम से वापस ले सकें. शिक्षक अपनी ID और पासवर्ड का उपयोग कर पोर्टल पर लॉग इन करके आवेदन वापसी कर सकते हैं.
ट्रांसफर प्रक्रिया में होगा बेहतर संतुलन
शिक्षा विभाग के अधिकारियों का मानना है कि इससे अन्य शिक्षकों के लिए ट्रांसफर के नए विकल्प खुलेंगे. क्योंकि खाली होने वाले पदों पर अब दूसरे शिक्षकों को मौका मिल सकेगा. इससे ट्रांसफर प्रक्रिया और अधिक पारदर्शी और संतुलित हो सकेगी.
अब तक 1.30 लाख शिक्षकों को मिल चुका है जिला आवंटन
पिछले सप्ताह ही विभाग ने 1.30 लाख शिक्षकों को ट्रांसफर करते हुए नए जिले आवंटित किए हैं. अब जिला शिक्षा पदाधिकारी उन्हें स्कूल आवंटन कर रहे हैं. यह प्रक्रिया 15 जून तक पूरी की जाएगी.
20 जून तक मिलेगा ट्रांसफर लेटर
स्कूल आवंटन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शिक्षकों को संबंधित ट्रांसफर लेटर 20 जून तक जारी कर दिए जाएंगे. इसके बाद 23 जून से 30 जून के बीच शिक्षकों को अपने नए स्कूलों में ज्वाइनिंग करनी होगी. इस पूरी प्रक्रिया का मकसद है कि नए शैक्षणिक सत्र से पहले सभी पदस्थापन कार्य पूरे कर लिए जाएं.